
राजेंद्र बिल्लौरे,हरदा।
टिमरनी विधानसभा क्षेत्र के प्राथमिक शाला खुदिया में उस वक्त बड़ा हादसा टल गया, जब स्कूल में लगी भीषण आग के बीच टिमरनी विधायक अभिजीत शाह ने अदम्य साहस का परिचय दिया। विधायक ने अपनी जान की परवाह न करते हुए आग और धुएं के बीच से गैस सिलेंडर को सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे स्कूल में मौजूद 265 मासूम बच्चों पर मंडरा रहा बड़ा खतरा टल गया।

आग की चपेट में था सिलेंडर, थम गई थीं सबकी सांसें-
घटना के समय प्राथमिक शाला खुदिया में करीब 265 बच्चे मौजूद थे। अचानक स्कूल के एक हिस्से में आग भड़क उठी, जहां रसोई का गैस सिलेंडर रखा हुआ था। सिलेंडर लगातार आग और तेज तापमान की चपेट में आ रहा था, जिससे उसके कभी भी फटने की आशंका बन गई थी। मौके पर अफरा-तफरी का माहौल था और हर किसी की सांसें अटकी हुई थीं।

विधायक ने खुद संभाला मोर्चा-
जैसे ही घटना की सूचना टिमरनी विधायक अभिजीत शाह को मिली, वे तत्काल मौके पर पहुंचे। हालात की गंभीरता और बच्चों की जान को खतरे में देख उन्होंने बिना देर किए खुद आग की लपटों और घने धुएं के बीच छलांग लगा दी। शाह ने जलते हुए हिस्से से भारी गैस सिलेंडर को खींचकर तुरंत सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।
सिलेंडर बाहर आते ही टला भीषण विस्फोट-
सिलेंडर को बाहर निकालने के बाद आग बुझाने के यंत्रों और पानी की मदद से आग पर काबू पाया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अगर थोड़ी भी देर होती तो सिलेंडर फट सकता था, जिससे विद्यालय परिसर में भीषण तबाही मच सकती थी। विधायक की त्वरित सूझबूझ और बहादुरी से एक बड़ा दर्दनाक हादसा टल गया।
बच्चों को सुरक्षित देखना था- अभिजीत शाह
साहसिक कार्य के बाद विधायक अभिजीत शाह ने कहा, उस समय दिमाग में अपनी सुरक्षा का कोई विचार नहीं था। सामने स्कूल के 265 मासूम बच्चे थे और मन में सिर्फ यही संकल्प था कि किसी भी बच्चे को आंच नहीं आनी चाहिए।
सभी बच्चों के पूरी तरह सुरक्षित होने के बाद शिक्षकों, अभिभावकों और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। संकट की इस घड़ी में पद से ऊपर उठकर अपनी जान दांव पर लगाने वाले जनप्रतिनिधि के इस साहसिक कदम की पूरे क्षेत्र में जमकर सराहना हो रही है।